महामहिम राज्यपाल के अभिभाषण की चर्चा पर मुख्यमंत्री मनोहर लाल का जवाब।

महामहिम राज्यपाल के अभिभाषण की चर्चा पर मुख्यमंत्री मनोहर लाल का जवाब।

माननीय राज्यपाल का उनके अभिभाषण के लिए धन्यवाद, सरकार के विजय और हमारे विकास कार्यो पर डाला प्रकाश। स्वस्थ आलोचना के हम हमेशा समर्थक रहे हैं जो अच्छे सुझाव होंगे उन्हीं पर हम कार्य करेंगे।

पुराने वक्त से ही भ्रष्टाचार की बात सुनते आए हैं इसलिए समय-समय पर अच्छे उद्देश्य को लेकर व्यवस्था परिवर्तन किया जाता है जुनून यह है कि भ्रष्टाचार को खत्म करेंगे। ई-गवर्नेंस और सेवाओं को ऑनलाइन करना इसका एक कदम है अब तक 1150 करोड़ रुपए पोस्ट बेनिफिशियरी से बचाएं गए हैं, पेंशन से लेकर शगुन और छात्रवृत्ति की राशि पोर्टल की वजह से एक क्लिक से दी जाती है। वन नेशन वन राशन भी इसी पोर्टल का कमाल है। सरकार का मानना है कि जितना मानवीय हस्तक्षेप और विशेषाधिकारी शक्ति कम कर सके उतना ही भ्रष्टाचार कम होगा।
केंद्र सरकार की तरफ से भी पोर्टल बनाया गया है जिसमें यह संस्थाएं अपने साल के अग्रिम कार्य अपलोड कर सकते हैं पंचायतों के गठन के बाद क्वार्टर का पैसा रिलीज किया जिससे 3254 पंचायतों के लगभग 2890 काम शुरू हुए, 3297 कार्य ई-टेंडरिंग के जरिए आए जिनके लिए 600 से ज्यादा ठेकेदारों ने रजिस्टर किया, इसके अलावा मेरा गांव जगमग गांव योजना के अंतर्गत 5694 गांव मैं 24 घंटे बिजली मिल रही है जो सभी गांव का 78 फ़ीसदी है।आगे जवाब देते हुए उन्होंने कहा कि विपक्ष ने पढ़ी-लिखी पंचायतों का विरोध किया, जिस पर सुप्रीम कोर्ट ने भी हमारा साथ दिया है।
फसल के लिए मेरी फसल मेरा ब्योरा पोर्टल बनाया है जिसके आंकड़ों को हम क्षतिपूर्ति से मैच करेंगे, फसल खराब होने पर क्षतिपूर्ति पोर्टल में किसानों को हुआ नुकसान 7 दिन में अपलोड कर सकते हैं। इसके अलावा क्वालिटी एसोसिएशन कमेटी बनाकर फसल की क्वालिटी सुनिश्चित की जाएगी।
एजुकेशन की तरफ भी ध्यान दिया गया है। संस्कृत अध्यापकों की 714 और कुल 7731 पोस्ट की एडवर्टाइजमेंट की गई है। एजुसेट के कर्मचारियों को HKRN में लेकर कम से कम ₹14000 दिए जाएंगे और CET हर साल होगा, ग्रुप सी और डी का CETएक साथ कराए जाएंगे ग्रुप सी के लिए एक अतिरिक्त पेपर देना होगा जिस पर ए जी से राय मांगी गई है।
रोजगार को लेकर भी कई कदम उठाए गए हैं जितनी ग्रुप सी की नौकरी पिछले साल दी गई थी उसकी 3 फ़ीसदी खेल कोटे के खिलाड़ियों को 4 विभागों में नौकरी देंगे। किसी अधिकारी या प्रतिनिधि की मर्जी से नहीं बल्कि जो सही और अच्छा काम करेगा उसी को काम मिलेगा।