Haryana : पंजाब कला भवन में आयोजित सम्मान समारोह में शनिवार को दो काव्य पुस्तकों का लोकार्पण हुआ। हरियाणा साहित्य अकादमी के निदेशक डॉ. चंद्र त्रिखा ने यहां बतौर मुख्य अतिथि शिरकत की । पेन एंड राइटर्स संस्था के सौजन्य से आयोजित सालाना पुरस्कार वितरण और पुस्तक लोकार्पण समारोह में मुख्य अतिथि ने नीना की रचनाओं को सराहा और उन्होंने धर्मवीर भारती की एक रचना सुनाकर कविता के मर्म को बाखूबी समझाया। सबसे पहले सोमेश की सरस्वती वंदना से कार्यक्रम की शुरुआत हुई। इसके बाद नीना दीप की इंग्लिस और हिंदी में लिखित दो काव्य पुस्तकों का लोकार्पण किया गया। प्रसिद्ध गजलकार अमरजीत ‘अमर’ की अध्यक्षता में अायोजित इस कार्यक्रम में डॉ. प्रसून प्रसाद और विजय कपूर ने बतौर विशेष अतिथि शिरकत की। इन्होंने ने भी नीना की किताबों के बारे में अपनी-अपनी राय व्यक्त की। अमरजीत अमर ने भी अपनी गजल सुनाई और नीना के लेखन की सराहना की। इससे पहले अल्का कांसरा ने नीना की पुस्तकों को लेकर पर्चा पढ़ा। उन्होंने बेहद खूबसूरती के साथ दोनों पुस्तकों को लेकर अपनी टिप्पणी की। उनकी राय को सभी की सराहना मिली। विजय कपूर और प्रसूर प्रसाद ने भी काव्य संग्रहों पर जो विचार रखे उन्हें सभी ने सराहा।
चार लोगों को किया सम्मानित
पेन एंड राइटर्स के इस कार्यक्रम में पीयू के प्रो. अशोक कुमार सभ्रवाल और डॉ. अली अब्बास, डॉ. ऋतु भनोट और डॉ. राजेंद्र धवन को उनकी साहित्य, पत्रकारिता और लेखन के क्षेत्र में दिए अद्वितीय योगदान के लिए सम्मानित किया गया। इसके अलावा संस्था के सक्रिय सदस्यों को भी उनके योगदान के लिए पुरस्कृत किया गया। इस कार्यक्रम में कई युवा रचनाकारों ने अपनी रचनाएं सुनाईं। नीना दीप ने भी अपनी दो रचनाएं सुनाईं। कार्यक्रम में शहला जावेद, अनामिका नैना, करन सहर, मतिना खान, गजाला खान, रीटा इसाक, रीना गदान, ज्योति वर्मा आदि रचनाकारों ने अपनी सक्रिय भूमिका निभाई। सीमा गुप्ता ने मंच संचालन किया।
