मुख्यमंत्री के जन्मदिन पर हीरापुर गाँव में नई पहल
ग्रामीणों ने मिलकर लिया जल संरक्षण का संकल्प, शुरू की जल आरती
*मुख्यमंत्री के जन्मदिन पर हीरापुर गाँव में नई पहल*
ग्रामीणों ने मिलकर लिया जल संरक्षण का संकल्प, शुरू की जल आरती
जल की कीमत समझना जरूरी, जल व्यर्थ बहेगा तो भविष्य में जल महासंकट बन जाएगा।
सर्वप्रिय भारत/फरीदाबाद।
मुख्यमंत्री मनोहर लाल के जन्मदिन पर गांव हीरापुर के ग्रामीणों ने नई पहल करते हुए अपने जोहड़ पर जल सरंक्षण संकल्प कार्यक्रम की शुरुआत की है। शुक्रवार शाम को गांव के शिव मंदिर स्थित जोहड़ पर ग्रामीणों ने मिलकर जल संरक्षण के लिए संकल्प लेते हुए जल आरती भी की।
इस नई पहल के शुभारंभ पर मुख्यमंत्री के मीडिया समन्वयक मुकेश वशिष्ठ पहुंचे। जबकि कार्यक्रम की अध्यक्षता युवा समाजसेवी व सरपंच प्रतिनिधि कमल कौशिक ने की। लोगों को संबोधित करते हुए मुख्य अतिथि वशिष्ठ ने कहा कि मुख्यमंत्री मनोहर लाल जल संरक्षण को लेकर बेहद संवेदनशील हैं। इसलिए वे लगातार जल बचाने की मुहिम चला रहे है। अपने जन्मदिन को भी उन्होंने जल संरक्षण और नशा मुक्ति अभियान चलाने का आह्वान किया। जिसपर हीरापुर गाँव के लोगों ने रूचि दिखाते हुए जल संरक्षण संकल्प अभियान चलाने का फैसला लिया है, जो सराहनीय कदम हैं। जल प्रकृति की अनमोल धरोहर है। बिना पानी के जीवन संभव नहीं है। पीने के लिये शुद्ध जल हमारे लिए जरूरी है। क्योंकि स्वच्छ एवं सुरक्षित जल अच्छे स्वास्थ्य की कुंजी है। धरती के दो तिहाई हिस्से पर पानी भरा हुआ है। फिर भी पीने योग्य शुद्ध जल पृथ्वी पर उपलब्ध जल का मात्र एक प्रतिशत हिस्सा ही है। 97 प्रतिशत जल महासागर में खारे पानी के रूप में भरा हुआ है। शेष रहा दो प्रतिशत जल बर्फ के रूप में जमा है। आज समय है कि हम पानी की कीमत समझें। यदि जल व्यर्थ बहेगा तो आगे वाले समय में पानी की कमी एक महा संकट बन जाएगा। युवा समाजसेवी कौशिक ने बताया कि मुख्यमंत्री मनोहर लाल जल संरक्षण को लेकर तालाबों का सरंक्षण कर रहे हैं। तालाब प्राधिकरण के अंतर्गत 19 हजार तालाबों को चिन्हित कर उनका सौंदर्यीकरण किया जा रहा है। हीरापुर गाँव के भी दो तालाबों का सौंदर्यीकरण प्राधिकरण द्वारा किया गया है। मुख्यमंत्री जी की जल संरक्षण मुहिम से प्रेरित होकर ग्रामीणों ने तालाब पर प्रतिदिन शाम 6 बजे जल संरक्षण आरती करने का संकल्प लिया है। यह मुहिम मुख्यमंत्री जी को जन्मदिन का तोहफा है। कार्यक्रम के अंत में ग्रामीणों ने तालाब के किनारे जल संरक्षण का संकल्प लिया और आरती भी की। इस मौके पर हुकुम नंबरदार, नन्नू नंबरदार, श्रीभगवान शर्मा, चरण, धीरज कौशिक, नरेश , बलदेव, हरिओम, कन्हैया, गणेश, ब्रहमदत्त, चुन्नी लाल, संतराम , भुदत्त, गंगा, नरेश, रूपचंद सांगवान, मास्टर नेत्रपाल और लक्ष्मण सहित सैंकड़ों लोग मौजूद थे।

